मूल्यांकन कार्य 18 मार्च से शुरू
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UP Board) की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन 18 मार्च से प्रदेश के 249 केंद्रों पर शुरू होगा। यह प्रक्रिया 1 अप्रैल तक चलेगी। परिषद ने मूल्यांकन को पारदर्शी और गोपनीय बनाए रखने के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं।
मूल्यांकन में गोपनीयता और सुरक्षा
परिषद के सचिव भगवती सिंह ने बताया कि मूल्यांकन के दौरान उत्तर पुस्तिकाओं से जुड़ी कोई भी जानकारी साझा करना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। मौखिक, लिखित या डिजिटल माध्यम से सूचना लीक होने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
हर जिले में पर्यवेक्षक तैनात होंगे और प्रत्येक केंद्र पर जिलाधिकारी की ओर से स्टैटिक मजिस्ट्रेट नियुक्त किए जाएंगे, जो मूल्यांकन कार्य की निगरानी करेंगे। मूल्यांकन कक्षों में वॉयस रिकॉर्डर वाले CCTV कैमरे लगाए जाएंगे, जिन्हें जिला और राज्य स्तर के कंट्रोल रूम से मॉनिटर किया जाएगा।
शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए निर्देश
मूल्यांकन में लगे शिक्षकों और कर्मचारियों को मोबाइल फोन या किसी भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण के साथ केंद्र में आने की अनुमति नहीं होगी। केंद्रों के आसपास एलआईयू और सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे ताकि अवांछनीय गतिविधियों पर नजर रखी जा सके।
उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षित डिलीवरी
मूल्यांकन समाप्ति के बाद उत्तर पुस्तिकाओं को परिषद के क्षेत्रीय कार्यालयों तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। इसके तहत उत्तर पुस्तिकाओं से भरे ट्रकों के साथ दो सशस्त्र पुलिसकर्मी भी तैनात रहेंगे।
शिक्षकों को प्रशिक्षण 17 मार्च को
मूल्यांकन शुरू होने से एक दिन पहले, 17 मार्च को सभी केंद्रों पर शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। जिला विद्यालय निरीक्षक की ओर से शिक्षकों को परिचय पत्र भी जारी किए जाएंगे ताकि मूल्यांकन कार्य सुचारु रूप से हो सके।
"मूल्यांकन कार्य के दौरान उत्तर पुस्तिकाओं से जुड़ी किसी भी तरह की जानकारी साझा करना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।" - भगवती सिंह, सचिव, उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद
स्रोत: jansandeshtimes.in


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