भोपाल। मध्य प्रदेश के राज्यसभा उपचुनाव के लिए कांग्रेस ने सोमवार को राजकुमार लोहानी को अपना उम्मीदवार घोषित किया। इस घोषणा के साथ ही भाजपा के केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी के खिलाफ मुकाबला तय हो गया है।
मुख्य तथ्य
- राजकुमार लोहानी को कांग्रेस ने राज्यसभा उपचुनाव के लिए उम्मीदवार बनाया।
- भाजपा ने इस सीट के लिए केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी को अपना उम्मीदवार घोषित किया।
- उपचुनाव केंद्रीय राज्य मंत्री एल. मुरुगन के इस्तीफे के कारण हुआ।
- मध्य प्रदेश विधानसभा में भाजपा के 164 विधायक हैं, जबकि कांग्रेस के विधायक कम हैं।
- नामांकन पत्रों की जांच 3 नवंबर को होगी, और मतदान 12 नवंबर को आयोजित किया जाएगा।
राजकुमार लोहानी का नामांकन
नामांकन की अंतिम तारीख पर, लोहानी ने अपना नामांकन पत्र जमा किया। इस दौरान कांग्रेस विधायक और विपक्ष के उपनेता हेमंत कटारे उनके प्रस्तावक बने। भोपाल उत्तर के कांग्रेस विधायक आतिफ अकील और कई अन्य कार्यकर्ता भी उनके साथ मौजूद थे। हालांकि, इस मौके पर कांग्रेस के कोई वरिष्ठ नेता उपस्थित नहीं थे।
भाजपा उम्मीदवार हरदीप सिंह पुरी
भाजपा ने केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। उन्होंने 31 अक्टूबर को मुख्यमंत्री मोहन यादव, राज्य भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में अपना नामांकन दाखिल किया।
विधानसभा की स्थिति और चुनाव प्रक्रिया
मध्य प्रदेश विधानसभा में कुल 230 सदस्य हैं, जहां से राज्यसभा सदस्य चुने जाते हैं। इस समय प्रभावी सदस्य संख्या 229 है। भाजपा के पास 164 विधायक हैं, जबकि कांग्रेस के विधायक कम हैं। इस कारण सत्ताधारी पार्टी इस सीट को जीतने की मजबूत स्थिति में है।
चुनाव आयोग के अनुसार, नामांकन पत्रों की जांच 3 नवंबर को होगी। उम्मीदवार 5 नवंबर तक अपना नामांकन वापस ले सकते हैं। यदि चुनाव होता है तो मतदान 12 नवंबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और शाम 5 बजे वोटों की गिनती शुरू होगी। पूरी प्रक्रिया 16 नवंबर तक पूरी कर ली जाएगी।
उपचुनाव का कारण और राजनीतिक महत्व
यह उपचुनाव केंद्रीय राज्य मंत्री एल. मुरुगन के राज्यसभा से 14 अक्टूबर को इस्तीफा देने के कारण आवश्यक हो गया। मुरुगन का कार्यकाल 2 अप्रैल, 2030 को समाप्त होना था। उन्होंने तमिलनाडु में भाजपा को मजबूत करने के लिए केंद्रीय मंत्रिपरिषद और राज्यसभा से इस्तीफा दिया।
यह चुनाव इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि उत्तर प्रदेश से हरदीप पुरी का मौजूदा राज्यसभा कार्यकाल 25 नवंबर को समाप्त हो रहा है।
मध्य प्रदेश की राज्यसभा सीटों का वर्तमान हाल
मध्य प्रदेश में कुल 11 राज्यसभा सीटें हैं, जिनमें से आठ सीटें भाजपा के पास हैं और दो कांग्रेस के पास हैं। एक सीट फिलहाल खाली है, जिसे इस उपचुनाव के जरिए भरा जाएगा।
राजनीतिक विश्लेषण
भाजपा के स्पष्ट बहुमत के बावजूद, कांग्रेस ने इस उपचुनाव में उम्मीदवार उतारकर भाजपा को चुनौती देने का फैसला किया है। यह कदम विपक्ष को राजनीतिक रूप से सक्रिय होने का अवसर देता है।
अगले कदम
चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार, अब नामांकन पत्रों की जांच और नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होगी। इसके बाद मतदान की तारीख तय होगी। इस पूरी प्रक्रिया के बाद ही उपचुनाव का परिणाम स्पष्ट होगा।
स्रोत: deshbandhu.co.in


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